फेसबुक के ग्रुप फ़ोटो पर आये लाइक की कच्ची खुशी

अनाज कमाने घरों से भागे हम
अशर्फियाँ पाकर भी वापस क्यूँ नही लौट पा रहे
ये कहो ना प्यार है वाले टाइम कि बात थी
रहने वाले अपने मकान और न रहने वाले दूसरे के मकान के बीच
80 किलोमीटर लम्बी GT रोड
और चार पांच नजरें ना मिला सकने वाले मोड़
फ्रिज भी कब तक हमें बासी होने से बचाएगा
जी सिनेमा वहाँ भी आता है
और धूम 3 भी
इन कमरों में, जिनकी छतें भी रोने के आकर की बनायीं गयी हैं
एक बाल्टी पानी, 2 घंटे जिन्दा बचे रहने का हौसला देता है


यहाँ कुँआ होता तो तकलीफ़ थोड़ी कम होती
फेसबुक के ग्रुप फ़ोटो पर आये लाइक की कच्ची खुशी
या दिव्या भारती की सुपरहिट पिक्चर
फ़ैसला हमारे हाथों में हैं


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